उम्मीद तो हरी है .........
दौर पतझड़ का सही, उम्मीद तो हरी है
रविवार, दिसंबर 29, 2019
जिन्दा रहने की वजह
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जिन्दा रहने की वजह ***************** सम्हाल कर रखा है तुम्हारे वादों का दिया हुआ ब्राउन रंग का मफलर बांध लेता हूँ जब कभी तब कान में ...
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गुरुवार, दिसंबर 19, 2019
यूकेलिप्टस
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यूकेलिप्टस ********* एक दिन तुम और मैं शाम को टहलते उंगलियां फसाये उंगलियों में निकल गये शहर के बाहर-- तुमने पूछा क्या होता है...
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मंगलवार, अक्टूबर 22, 2019
आगे बढ़ो
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आगे बढ़ो ******** कामरेड तुम्हारी भीतरी चिंता तुम्हारे चेहरे पर उभर आयी है तुम्हारी लाल आँखों से साफ़ झलकता है कि,तुम उदासीन लोगों को ...
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रविवार, अक्टूबर 13, 2019
तुम्हारी मुठ्ठी में कैद है तुम्हारा चांद
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तुम्हारी मुठ्ठी में कैद है-तुम्हारा चाँद **************************** चाँद को तो उसी दिन रख दिया था तुम्हारी हथेली पर जिस दिन मेरे आवा...
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बुधवार, अक्टूबर 09, 2019
रावण जला आये बंधु
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रावण जला आये बंधु ***************** कागज लकड़ी जूट और मिट्टी से बना नकली रावण जला आये बंधु ! जो लोग सहेजकर सुरक्षित रखे हैं शातिराना...
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सोमवार, अक्टूबर 07, 2019
फूलवाली
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फूल वाली-- ********* सींचकर आंख की नमी से रखती है तरोताजा अपने रंगीन फूल संवारती है टूटे आईने में देखकर कई कई आंखों से खरोंचा गया च...
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शुक्रवार, अक्टूबर 04, 2019
स्त्रियां जानती हैं
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स्त्रियां जानती हैं ************* स्त्री को बचा पाने की जुगत में जुटे पुरुषों की बहस स्त्री की देह से प्रारंभ होकर स्त्री की देह में ...
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