उम्मीद तो हरी है .........
दौर पतझड़ का सही, उम्मीद तो हरी है
रविवार, मार्च 21, 2021
मैं टेसू हूं
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टेसू ***** काटने की मुहिम की पहली कुल्हाड़ी गर्दन पर पड़ते ही मैं कटने की बैचेनियों को समेटकर फिर से हरा होकर देता हूं चटक फूलों को जन्म ग...
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गुरुवार, मार्च 18, 2021
प्रेम से परिचय
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प्रेम से परिचय *********** धूल और धुंध के थपेड़ों से बचती किसी सुनसान जगह पर बैठकर खोलकर स्मृतियों की गठरी देखना चाहती हूं पुराने परिचित ...
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शनिवार, मार्च 06, 2021
लड़कियां
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लड़कियां ******* फुटपाथ पर बेचती है पालक,मैथी और लाल भाजी यह वह अपनी जमीन के छोटे से टुकड़े में बोती है उसके पास ही बेचती है एक लड़की अदरक,ल...
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गुरुवार, मार्च 04, 2021
फूल
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फूल **** मैं किसकी जमीन पर अंकुरित हुआ किस रंग में खिला कौन से धर्म का हूं क्या जात है मेरी किस नाम से पुकारा जाता हूं मुझे नहीं मालूम म...
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गुरुवार, फ़रवरी 25, 2021
बूढ़ी महिलाएं
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बूढ़ी महिलाएं *********** अपनी जवानी को गृहस्थी के हवन कुंड में तपाकर सुनहरे रंग की हो चुकी बूढ़ी महिलाएं अपने अपने घरों से निकलकर इकठ्ठी हो...
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सोमवार, फ़रवरी 15, 2021
प्रेम
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प्रेम *** लड़कों की जीन्स के जेब में तितिर-बितिर रखा लड़कियों की चुन्नी के छोर में करीने से बंधा दूल्हे की पगड़ी में कलगी के साथ खुसा सुहा...
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सोमवार, फ़रवरी 08, 2021
गुलाब
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गुलाब **** कांटेदार तनों में खिलते ही सम्मोहित कर देंने वाले तुम्हारे रंग और देह से उड़ती जादुई सुगंध को सूंघने भौंरों का लग जाता है मजमा ...
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